अपने आप पर नियंत्रण रखना

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अपने पर नियन्त्रण रखो। सावधान रहो। तुम्हारा शत्रु शैतान एक गरजते सिंह के समान इधर-उधर घूमते हुए इस ताक में रहता है कि जो मिले उसे फाड़ खाए। उसका विरोध करो और अपने विश्वास पर डटे रहो क्योंकि तुम तो जानते ही हो कि समूचे संसार में तुम्हारे भाई बहन ऐसी ही यातनाएँ झेल रहे हैं।

मसीह में आपको जय मसीह की, परमेश्वर सबके जीवन में नया जीवन बक्षता है। उसके बावजूद भी लोग वैसा ही करते हैं जैसा वे चाहते हैं वे परमेश्वर की इच्छा अनुसार चलने की कोशिश नहीं करते। उनके उपर पूरी तरह बुरी ताकत हावी होती है, वे यह भी जानते हैं कि परमेश्वर एसों से नफ़रत करता हूं फिर भी वे चाहकर भी अपने आप पर ,अपने काम पर रोक या नियंत्रण नहीं रख सकते। आपको अगर परमेश्वर के साथ चलना है तो आपको अपना विरोध करना पड़ेगा मेरा मतलब आप पर राज़ करने वाली बुरी ताकतों का विरोध जो आपको अनंत जीवन से दूर करती है। जब तक आप उनसे लड़ेंगे नहीं तब तक आप जीतेंगे भी नहीं, बुरी ताकतों से डरकर भागना नहीं है पर आपको डटकर खड़े होकर मुकाबला करना है जिससे आप जीतो, अगर आप भाग गए तो आप उससे हार गए और वो कभी भी आपका पीछा उम्र भर नहीं छोड़ेगी, वो बुरी ताकतें मतलब शैतान यही कोशिश करेगा कब जैसे आपको घात करे। आपको चतुर बनना है और सावधान रहकर यह जानना है कि शैतान किस बात में आपको गिराना चाहता है, आपने मज़बूत होकर उस बात को अपने जीवन में सुधार करना है और योद्धा की तरह लड़ना है। आपको अपनी इच्छा पर अपने विचार पर नियंत्रण रखना है और यह चौकसी करनी है कि आपको यह पता होना चाहिए कि आपको कौन सी बाते मन में रखनी चाहिए और आपको कौन सी बात आपके मुंह से निकलनी चाहिए और आपका व्यवहार और आपके काम शुद्ध होने चाहिए, यह ध्यान रखना चाहिए कि आप निर्दोष जीवन जिएं, आपके ऊपर लगाए गए इल्जाम असत्य होने चाहिए, हर क्षेत्र में आप निर्दोष हो मसीह में आपको अनुग्रह और शांति मिलती रहे।आमीन।

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